Gharelu Upay - घरेलु उपाय

Gharelu Upay Upchar aur Nuskhe

कान के विकार पर उपायोजना

मवाद, स्राव, झिल्लियों की सूजन, हड्डियों की विकृति, कानों के पीछे शिराओं का भर जाना, स्वर बैठना, दर्द, धड़कन, सूजन।आइये जानते हैं इन कान के विकार पर उपायोजना।

कान के विकार पर उपायोजना

  • तुलसी के पत्तों का रस मिलाकर दो बूंद कान में डालें। चौंकाने वाले नतीजे आएंगे। सी। कष्ट नहीं।

  • कान में मवाद और शोर हो तो कानों को सुखाएं और सोते समय करंज तेल या जत्यादि तेल की दस बूंदें डालें।

  • सर्दी के कारण कान में दर्द हो तो त्रिफला गुगुल की एक गोली को आधा घी में पीसकर बच्चों को और एक गोली बड़ों को दें। तुपाटा

  • सारिवादी वटी दो दो वयस्क, एक छोटों के लिए। कान बह रहा हो, मवाद हो तो सिर में गर्मी हो। अगर आपकी सुनने की क्षमता कम है, बहरापन है तो एक गोली दुगनी गोली दूध के बराबर है।

  • मिश्रण के दो बड़े चम्मच पानी में लें। कान में आवाज हो तो स्क्रीन में छेद हो तो पानी में दो बार।

  • अदरक का रस बहरेपन और कान बंद होने में लाभकारी होता है।

  • ईयरवैक्स के कारण कान में अचानक दर्द होने पर सैलिवेनक्स ड्रॉप लगाएं।

  • आरोग्यवर्धिनी एक गोली पुनर्नवा मंडूर एक गोली। यह आंतरिक चोटों, सूजन और कान के सभी विकारों से राहत प्रदान करता है।

  • गोमूत्र के अर्क की दो बूंदों को 3 बार लगाएं।

  • सफेद प्याज का रस ५, ६ बूंद ३ बार।

  • बिल्व तेल की ४ बूँद ४ बार।
कान के विकार पर उपायोजना
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